दीपक अधिकारी
हल्द्वानी
महिला सशक्तीकरण एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आज इक पर्णिका भवन में कालाढूंगी विधानसभा की माताओं-बहनों एवं स्वयं सहायता समूहों की बहनों के लिए महिला स्वरोजगार प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में महिलाओं को कागज़ के आकर्षक एवं उपयोगी बैग बनाने का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया इस विशेष प्रशिक्षण के लिए रुद्रपुर से प्रशिक्षक श्री प्रियांक भट्ट जी एवं उनकी अनुभवी टीम ने उपस्थित होकर महिलाओं को बैग निर्माण की विभिन्न तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। उद्देश्य यह है कि महिलाएं इस हुनर को सीखकर घर से ही स्वरोजगार प्रारंभ कर सकें तथा अपनी आय का नया साधन विकसित कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनें इस अवसर पर भाजपा नेता श्री मनोज पाठक जी ने कहा कि “कालाढूंगी विधानसभा की माताओं-बहनों में प्रतिभा, मेहनत और हुनर की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता केवल उन्हें उचित प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और अवसर उपलब्ध कराने की है। हमारा प्रयास है कि हमारी मातृशक्ति अपने हुनर को स्वरोजगार में बदलकर आत्मनिर्भर बने और आगे चलकर अन्य महिलाओं के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा करे।”उन्होंने कहा कि “महिला सशक्तीकरण केवल मंचों पर सम्मान देने से नहीं, बल्कि महिलाओं के हाथों में हुनर और रोजगार का अवसर देने से वास्तविक रूप में संभव होगा।” इसी सोच के साथ कालाढूंगी विधानसभा में मातृशक्ति को विभिन्न कौशलों से जोड़ने और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं श्री पाठक ने कहा कि कागज़ के बैग बनाना एक ऐसा कार्य है,
जिसे महिलाएं कम लागत में घर से शुरू कर सकती हैं। इससे परिवार की आय में सहयोग मिलने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर छोटे स्वरोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने महिलाओं से अपील की कि वे प्रशिक्षण का लाभ लेकर स्वयं आत्मनिर्भर बनें और अन्य बहनों को भी इस पहल से जोड़ें।कार्यशाला के माध्यम से स्वरोजगार, आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया। प्लास्टिक के बढ़ते उपयोग को कम करने की आवश्यकता पर जोर देते हुए श्री मनोज पाठक जी ने कहा कि “प्लास्टिक का विकल्प हम सबको मिलकर तलाशना होगा। कागज़, कपड़े और जूट जैसे पर्यावरण अनुकूल विकल्पों को अपनाना आज समय की आवश्यकता है। यदि हमारी माताएं-बहनें ऐसे उत्पाद तैयार करें और समाज उन्हें अपनाए, तो पर्यावरण की रक्षा के साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।”उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के ‘लोकल फॉर वोकल’ के आह्वान से प्रेरणा लेते हुए स्थानीय हुनर एवं स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देना हम सभी की जिम्मेदारी है। वहीं उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी जी के नेतृत्व में प्रदेश में किए जा रहे जनहित एवं महिला सशक्तीकरण के कार्यों से प्रेरणा लेकर कालाढूंगी विधानसभा में मातृशक्ति को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जाएंगे कार्यशाला में उन महिलाओं को विशेष रूप से प्रोत्साहित किया गया, जो घर से स्वरोजगार शुरू करना चाहती हैं, अपनी आय का नया साधन विकसित करना चाहती हैं, स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से रोजगार के अवसर बढ़ाना चाहती हैं तथा अन्य महिलाओं को भी रोजगार से जोड़ना चाहती हैं श्री मनोज पाठक जी ने कहा कि “हमारा लक्ष्य है—कालाढूंगी विधानसभा की माताएं-बहनें हुनरमंद बनें, स्वरोजगार से जुड़ें, आत्मनिर्भर बनें और अपने परिवार के साथ-साथ समाज की आर्थिक मजबूती में भी भागीदार बनें।”इस अवसर पर मातृशक्ति एवं स्वयं सहायता समूहों की बहनों ने प्रशिक्षण में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया और इस पहल के लिए आभार व्यक्त किया।


