दीपक अधिकारी
हल्द्वानी
हल्द्वानी: इन्वेस्टमेंट के नाम पर लोगों से करीब 39 करोड़ रुपये की ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने डहरिया स्थित एक इन्वेस्टमेंट कंपनी के कार्यालय पर छापेमारी कर इस घोटाले का पर्दाफाश किया। छापेमारी के दौरान कंपनी से जुड़े कई अहम दस्तावेज बरामद किए गए हैं। कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने बताया कि संबंधित कंपनी द्वारा लोगों को यह झांसा दिया गया था कि दो साल में निवेश की गई रकम दोगुनी कर दी जाएगी। जांच के दौरान जब कंपनी अधिकारियों से यह पूछा गया कि निवेशकों का पैसा कहां और कैसे लगाया जा रहा है तथा मुनाफा किस माध्यम से दिया जाता है, तो वे कोई ठोस जवाब नहीं दे सके प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कंपनी ने निवेशकों के पैसों का इस्तेमाल शेयर मार्केट में निवेश और कई स्थानों पर जमीन की खरीद में किया है। हालांकि, इस पूरे निवेश मॉडल को लेकर कंपनी के पास कोई स्पष्ट दस्तावेज या संतोषजनक जानकारी नहीं पाई गई कमिश्नर ने बताया कि निवेशकों के पैसे से संबंधित एग्रीमेंट और ऑनलाइन पोर्टल, जिसमें सभी ट्रांजैक्शन का विवरण होना चाहिए, वह भी खुल नहीं पा रहा है। यह मामला तब संज्ञान में आया जब कई पीड़ितों ने इसकी शिकायत जनता दरबार में की बताया जा रहा है कि पूर्व में कुछ निवेशकों ने पुलिस में भी शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन उस समय कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसे गंभीरता से लेते हुए कमिश्नर दीपक रावत ने पुलिस अधिकारियों को तत्काल वैधानिक और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं वहीं, पीड़ित निवेशकों का कहना है कि उन्होंने कर्ज लेकर कंपनी में पैसा लगाया था। शुरुआत में उन्हें कुछ रकम जरूर वापस मिली, लेकिन अब बड़ी राशि फंसी हुई है। निवेशकों ने प्रशासन से जल्द से जल्द कार्रवाई कर उनकी रकम सुरक्षित कराने की मांग की है, छापेमारी में सिटी मजिस्ट्रेट गोपाल चौहान, ट्रांसपोर्ट नगर चौकी पुलिस मौजूद थी।



