दिल्ली चुनाव में चला सीएम पुष्कर धामी का जादू, शानदार रणनीति के चलते जीत में निभाई अहम भूमिका

दीपक अधिकारी

हल्द्वानी

दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 70 में से 48 सीटों पर जीत दर्ज की। इस ऐतिहासिक जीत में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अहम भूमिका रही, जिन्होंने पार्टी के स्टार प्रचारक के रूप में 23 उम्मीदवारों के समर्थन में 52 रैलियां और रोड शो किए। उनके अथक प्रयासों का परिणाम यह रहा कि इनमें से 18 उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की, जिससे उनकी सफलता दर 78% रही।मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने दिल्ली चुनाव प्रचार के दौरान “डबल इंजन” सरकार के लाभों को जनता के सामने रखा और आम आदमी पार्टी (AAP) के नेतृत्व वाली केजरीवाल सरकार की विफलताओं को उजागर किया। उन्होंने दिल्ली में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की वकालत कर भाजपा की नीतियों को मजबूती से जनता के सामने रखा। उनके भाषणों और रोड शो ने भाजपा उम्मीदवारों को जबरदस्त समर्थन दिलाया, जिससे पार्टी ने 27 साल बाद दिल्ली में ऐतिहासिक जीत दर्ज की।

 

मुख्यमंत्री धामी की रणनीति से लाभान्वित हुए विजयी उम्मीदवारों की सूची इस प्रकार है:

 

1. नीरज बसोया (कस्तूरबा नगर)

2. हरीश खुराना (मोती नगर)

3. रेखा गुप्ता (शालीमार बाग)

4. अनिल शर्मा (आरके पुरम)

5. शिखा राय (ग्रेटर कैलाश)

6. रवींद्र सिंह नेगी (पटपड़गंज)

7. कपिल मिश्रा (करावल नगर)

8. कुलवंत राणा (रिठाला)

9. प्रद्युम्न राजपूत (द्वारका)

10. नीलम पहलवान (नजफगढ़)

11. संदीप सहरावत (मटियाला)

12. अभय वर्मा (लक्ष्मी नगर)

13. चंदन कुमार चौधरी (संगम विहार)

14. पवन शर्मा (उत्तम नगर)

15. कुलदीप सोलंकी (पालम)

16. पूनम शर्मा (वजीरपुर)

17. रवींद्र इंद्राज सिंह (बवाना)

18. प्रवेश वर्मा (नई दिल्ली – अरविंद केजरीवाल को हराया)

पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड में नकल विरोधी कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून, दंगा विरोधी कानून और अवैध अतिक्रमण हटाने जैसे सख्त फैसले लिए, जिससे उनकी लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। दिल्ली चुनाव में उनकी सफलता ने उन्हें राष्ट्रीय राजनीति में एक महत्वपूर्ण नेता के रूप में स्थापित कर दिया है। भाजपा आलाकमान का उन पर भरोसा और मजबूत हुआ है, जिससे भविष्य में उनकी भूमिका और बढ़ने की संभावना है।भाजपा ने इस चुनाव में 68 सीटों पर चुनाव लड़ा और 48 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि AAP केवल 22 सीटों पर सिमट गई। भाजपा का वोट शेयर 9% बढ़ा, जिससे उसे सत्ता हासिल करने में मदद मिली। मुख्यमंत्री पुष्कर धामी के रणनीतिक प्रचार और मुद्दों की धारदार प्रस्तुति ने भाजपा की जीत को मजबूत किया। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिल्ली चुनाव में मजबूत नेतृत्व, रणनीतिक प्रचार और प्रभावशाली मुद्दों के माध्यम से भाजपा को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। उनके प्रयासों ने न केवल दिल्ली में भाजपा की सत्ता वापसी करवाई, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति में भी उनके कद को बढ़ाया है।

Advertisement
Advertisement